परिवार को तोड़ने की साजिश कर रही छ ग सरकार – रूपेश दुबे
छत्तीसगढ़ प्रदेश कांग्रेस कमेटी के प्रवक्ता रूपेश दुबे ने छत्तीसगढ़ की भाजपा सरकार धान खरीदी की जिम्मेदारी से बचने के लिए किसानों पर नए नए नियम थोपने का काम तो कर ही रही थी अब एग्री स्टीक पंजीयन के नाम पर किसान परिवार को तोड़ने व बंटवारा की साजिश का ताना बाना बुन दी है जो किसान परिवार के साथ क्रूरता का प्रमाण है।
प्रदेश प्रवक्ता रूपेश दुबे ने बताया कि एग्रो स्टिक पोर्टल में पंजीयन के लिए सामिलात खाते के किसान परिवार के सभी सदस्यों के पोर्टल में पंजीयन की अनिवार्यता लागू कर दी गई है सरकार आज तक एग्रो स्टिक पंजीयन पोर्टल के सर्वर को ठीक नहीं कर सकी है जिसके चलते पिछले साल लगभग 2 लाख किसान धान बेचने से वंचित हुए थे। अब सामिलात खाता के सभी को पंजीयन करना है ऐसी दशा में परिवार के बहन- बेटी- भाई जो विवाह के बाद या अपने रोजगार के कार्य से अन्यत्र जिले या प्रदेश में निवासरत हैं उन्हें मात्र पंजीयन कराने के लिए अपने घर परिवार- काम को छोड़कर आकर जूझना पड़ रहा है और लगातार सर्वर डाउन के चलते कृषक परिवार के सदस्यों को दो-तीन दिन इंतजार करना पड़ रहा है जिससे उनके परिवार एवं रोजगार पर विपरीत असर पड़ रहा है जो उचित नहीं है और इन सब मामलों के कारण परिवार में विघटन, दरार और बंटवारा के हालात भी निर्मित हो रहे हैं मात्र किसानों के धान को खरीदने से बचने के लिए सरकार की यह साजिश पूर्ण निर्णय है ढाई सालों में छ ग सरकार के लचर सर्वर से टोकन, एग्री स्टीक पंजीयन फिर बारदाना समस्या,रकबा समर्पण, किसानों के घर छापा, खरीदी गई धान को उठाव कराने में असफल, धान को चूहे खाने,सूखत, खाद,जैसे कृत्रिम संकट उत्पन्न कर किसानों को मुसीबत में झोंका है।



