राजनांदगांव। शहर में कानून व्यवस्था को और अधिक सुदृढ़ बनाने तथा असामाजिक तत्वों पर प्रभावी अंकुश लगाने के उद्देश्य से राजनांदगांव पुलिस ने देर रात एक बड़ा अभियान चलाया। पुलिस अधीक्षक सुश्री अंकिता शर्मा (भा.पु.से.) के कड़े निर्देशन और अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक कीर्तन राठौर के मार्गदर्शन में जिलेभर में रात्रिकालीन कॉम्बिंग गश्त की गई। इस विशेष अभियान के तहत 100 से अधिक पुलिस अधिकारियों और कर्मचारियों की टीमों ने एक साथ संवेदनशील इलाकों और अपराधियों के ठिकानों पर दबिश देकर हड़कंप मचा दिया।
चार विशेष टीमों ने संभाली कमान, होटलों और रिसोर्ट में चेकिंग
रात के सन्नाटे में कानून व्यवस्था का जायजा लेने के लिए अलग-अलग चार विशेष टीमों का गठन किया गया था। इन टीमों ने थाना कोतवाली, बसंतपुर, चौकी चिखली सहित थाना सोमनी क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले मनगटा रिसोर्ट और विभिन्न संवेदनशील स्थानों पर व्यापक सर्चिंग व सत्यापन अभियान चलाया। इस दौरान इलाके के पुराने गुंडा-बदमाशों, निगरानीशुदा अपराधियों, आदतन अपराधियों तथा संदिग्ध घूम रहे व्यक्तियों की सघन जांच की गई। होटल और रिसोर्ट के कमरों व एंट्री रजिस्टरों को भी खंगाला गया।
सड़क पर उतरे आला अधिकारी, संदिग्धों से पूछताछ
इस बड़े कॉम्बिंग गश्त अभियान का नेतृत्व खुद फील्ड पर उतरकर नगर पुलिस अधीक्षक श्रीमती वैशाली जैन, नगर पुलिस अधीक्षक अलेक्जेंडर किरो, नगर पुलिस अधीक्षक श्रीमती मंजूलता बाज और डीएसपी एम्ब्रोस कुजूर ने किया। उनके साथ जिले के समस्त थाना प्रभारी और भारी संख्या में पुलिस बल मुस्तैद रहा। गश्त के दौरान सड़क पर बेवजह घूमने वाले संदिग्धों को रोककर उनसे पूछताछ की गई और उनके पहचान दस्तावेजों का सत्यापन किया गया।
निरंतर जारी रहेगा अभियान : पुलिस की अपील
राजनांदगांव पुलिस प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि जिले में शांति व्यवस्था बनाए रखने, अपराधों पर पूरी तरह से रोक लगाने तथा आम जनता के मन में सुरक्षा की भावना को और मजबूत करने के लिए इस प्रकार के औचक कॉम्बिंग गश्त और चेकिंग अभियान भविष्य में भी निरंतर जारी रहेंगे। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि इस कार्रवाई का मुख्य उद्देश्य अपराधियों के मन में कानून का खौफ पैदा करना और आम नागरिकों में पुलिस के प्रति विश्वास को बढ़ाना है।

