राजनांदगांव। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के जन्मदिन पर सेवा संकल्प अभियान के तहत 29 सितंबर को गौरवपथ स्थित पद्मश्री गोविंदराम निर्मलकर आडिटोरियम में आयोजित कार्यक्रम में तिमाही परीक्षा से उठाकर स्वामी आत्मानंद स्कूल (पदुमलाल पुन्नालाल बख्शी विद्यालय) के विद्यार्थियों को ले जाने के मामले को लेकर बुधवार को शहर जिला कांग्रेस कमेटी ने जिला शिक्षा विभाग को घेरा और जिम्मेदारों को जमकर फटकारा।
शहर जिला कांग्रेस कमेटी अध्यक्ष जितेंद्र मुदलियार ने कहा कि परीक्षा के बीच विद्यार्थियों को विद्यालय से निकालकर किसी राजनीतिक कार्यक्रम में ले जाना गंभीर विषय है। इसे शिक्षा व्यवस्था के जवाबदेहियों का नकारापन करार देते हुए कार्रवाई का अल्टीमेटम दिया है।
उन्होंने अधिकारी से कहा कि अगर मामले की जांच में जरा भी ढिलाई बरती गई तो जिले के प्रभारी शिक्षा मंत्री गजेंद्र यादव को स्वयं इस मामले में जवाब देना होगा। छात्रों के भविष्य के किसी मुद्दे पर कोई कोताही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने कहा कि 17 सितंबर को भी दीप जलाने के लिए इसी तरह स्कूलों से बच्चों को बुलाकर तीन-चार घंटों तक बिठाए रखा गया। ऐसा लगातार हो रहा है।
मुदलियार ने कहा कि भाजपा ने भी इस प्रकरण में ओछी राजनीति का ही उदाहरण स्थापित किया है। सेवा संकल्प अभियान भाजपा के कार्यकर्ताओं के लिए सिरदर्द बन गया है। अब वे इसकी इसकी खानापूर्ति बच्चों को परीक्षाओं से उठाकर उपमुख्यमंत्री के सामने बिठाकर करने का प्रयास कर रहे हैं।
मुदलियार ने कहा कि कक्षा नौवीं से 11वीं तक के करीब 250 विद्यार्थियों की परीक्षा प्रभावित हुई और उन्हें कार्यक्रम में ले जाया गया। उन्होंने शिक्षा विभाग से स्पष्ट करने की मांग की कि परीक्षा निरस्त करने और विद्यार्थियों को विद्यालय से बाहर ले जाने का निर्णय किस स्तर पर लिया गया। अभिभावकों को सूचना और उनकी सहमति ली गई थी या नहीं, विद्यार्थियों की सुरक्षा की जिम्मेदारी किसकी थी, इसकी भी जांच होनी चाहिए।
कांग्रेस ने विद्यार्थियों की अंकसूची में कथित त्रुटियों और आरटीई के तहत चयनित बच्चों के पालकों से फीस वसूले जाने का मुद्दा भी उठाया। मुदलियार ने कहा कि कुछ अंकसूचियों में परीक्षा केंद्र, परीक्षार्थियों और अभिभावकों के नाम में त्रुटियों की जानकारी सामने आई है। वहीं निजी स्कूलों में आरटीई के तहत चयनित छात्रों के पालकों से फीस वसूली जा रही है ऐसी शिकायतें सामने आ रही है। सरकार से पैसे न मिलने की बात कहकर पालकों पर दबाव बनाया जा रहा है।
कांग्रेस ने जिला शिक्षा अधिकारी को सौंपे ज्ञापन में पूरे प्रकरण की जांच, जिम्मेदारी तय करने, निरस्त परीक्षा की वैकल्पिक व्यवस्था करने तथा त्रुटिपूर्ण अंकसूचियों को बिना अतिरिक्त आर्थिक भार के संशोधित कर उपलब्ध कराने और आरटीई के तहत चयनित बच्चों के पालकों से वसूली गई फीस वापस दिलाने की मांग की। साथ ही भविष्य में विद्यार्थियों को राजनीतिक या गैर-शैक्षणिक कार्यक्रमों में शामिल नहीं करने के लिए स्पष्ट दिशा-निर्देश जारी करने की मांग की गई।
इस दौरान प्रवीण मेश्राम, कमलजीत सिंग पिंटू, इकरामुद्दीन सोलंकी, हरिनारायण धकेता, शारदा तिवारी, युवराज भारती, झम्मन देवांगन, रमेश पांडेय, अशोक पंजवानी, मनीष गौतम , विनय झा लक्ष्मण साहू चेतन भानुशाली रोहित चंद्राकर देवेश वैष्णव राकेश चंद्राकर ललित मरकाम प्रदीप राठौर शरद खंडेलवाल अवधेश प्रजापति नरेश साहू असगर बेग अमित खंडेलवाल आशीष साहू गोलू नायक अमर झा दिल्लू साहू सचिन तुर्हाटे अमित कुशवाहा विशु अजमानी ऋषि शास्त्री अब्बास खान, तामेश्वर बंजारे दुरेन्द्र वैष्णव, अभिमन्यु मिश्रा जय जायसवाल संजय साहू सकुर चौहान,चेतन सिन्हा महेंद्र बहादुर सिंह ललित कुमरे सोनू साहू सुरेंद्र देवांगन,गोपीचंद गायकवाड़ अरशद खान सागर ताम्रकर राजकुमार गुप्ता उमर ठाकुर राकेश साहू खिलेंद्र वर्मा राहुल गजभिए भरत साहू राकेश साहू सीताराम श्रीवास भगवान दास सोनकर लक्की साहू निखिल पाल संदीप सोनी जुगल ताम्रकार नंदकुमार साहू जीशान सिद्धकी सहित अन्य उपस्थित थे।


