पुलिस अधीक्षक मोहित गर्ग ने ली रेल्वे सुरक्षा समिति की समीक्षा बैठक

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राजनांदगांव। पुलिस अधीक्षक मोहित गर्ग द्वारा पुलिस अधीक्षक कार्यालय राजनांदगांव के सभागार में रेलवे सुरक्षा समिति का समीक्षा बैठक लिया गया। जिसमें अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक राजनांदगांव राहुल देव शर्मा, आरपीएफ डोंगरगढ़ निरीक्षक प्रशांत अडलक, आरपीएफ राजनांदगांव निरीक्षक तरूणा साहू, थाना प्रभारी लालबाग प्रक्षिशु आईपीएस ईशु अग्रवाल, थाना प्रभारी कोतवाली निरीक्षक रमेंद्र सिंह, थाना प्रभारी सोमनी निरीक्षक सत्यनारायण, पुलिस चौकी प्रभारी निरीक्षक उमेश बघेल, पुलिस चौकी प्रभारी तुमडीबोड़ उनि कैलाश मरई, जीआरपी राजनांदगांव उनि जेएल तिवारी, जीआरपी राजनांदगांव प्रधान आरक्षक टंूडे मौजूद रहें।
पुलिस अधीक्षक मोहित गर्ग ने कहा की आम जनता को सायबर अपराधों एवं नशे के दुष्प्रभावों के संबंध में जागरूक करने हेतु स्टेशन परिसर में एनाउंसमेंट एवं टीवी डिसप्ले में संबंधित टेम्पलेट प्रदर्शित किया जाना सुनिश्चित करें। सायबर फ्रॉड से संबंधित शिकायत हेतु डॉयल 1930 नंबर, गुम बच्चों के संबंध में डॉयल 1098, महिला सुरक्षा हेतु जारी अभिव्यक्ति एप एवं मोबाईल गुमने के संबंध में सीईआईआर पोर्टल के संबंध में अवगत कराया जावें। प्रत्येक रेलवे स्टेशन में जिला राजनांदगांव के पुलिस कंट्रोल रूम का नंबर डिसप्ले किया जाये। रेलवे स्टेशन डोंगरगढ़, राजनांदगांव में महिने में कम से कम 2-3 बार रेण्डमली डीएफएमडी-एचएचएमडी उपकरण के माध्यम से चेंकिग कार्यवाही करने हेतु दिया निर्देश। रेलवे स्टेशन एवं स्कूल, कॉलेजों के आसपास पान ठेलों में प्रायः तम्बाखू उत्पाद अवैध रूप से विक्रय किए जाते हैं। अतः अधिक से अधिक कोटपा एक्ट के तहत कार्यवाही सुनिश्चित करें।
रेलवे स्टेशनों में जितने भी कुली, सफाईकर्मी हैं, उनकी पहचान संबंधी जानकारी आरपीएफ-जीआरपी रजिस्टर में संधारित करके रखें तथा जितने भी आटो वाले हैं, उनकी जानकारी थाना प्रभारीगण रजिस्टर में संधारित करके रखें। रेलवे स्टेशन परिसर-पार्किंग से बाईक चोरी की घटनाओं पर नियंत्रण एवं आरोपियों की शीघ्र पतासाजी हेतु सीसीटीवी कैमरे लगवाने हेतु निर्देशित किया गया है। पार्किंग में यदि संबंधित ठेकेदार द्वारा सीसीटीवी कैमरा नहीं लगवाया गया हो तो आरपीएफ-जीआरपी के साथ-साथ संबंधित थाना प्रभारी उक्त ठेकेदार को आवश्यक समझाईश देकर सीसीटीवी कैमरा लगाया जाये। रेल्वे स्टेशन में किसी अप्रिय बड़ी घटना की स्थिति से निपटने के लिये जीआरपी, आरपीएफ एवं जिला पुलिस बल व रेल्वे के रिस्पांस टाईम आदि पर ध्यान रखने हेतु मॉक ड्रिल आवश्यक रूप से कराया जावें। रेलवे स्टेशन के प्रवेश द्वारों पर विशेष सतर्कता बरती जाए और अराजक तत्वों पर कड़ी नजर रखी जाए। साथ ही रेलवे में अवैध मादक पदार्थो की तस्करी करते हुये किसी आरोपी को पकड़ा जाता है तो उनका पुरा विवरण लिया जाये। आरपीएफ, जीआरपी, जिला पुलिस बल आपस में समन्वय स्थापित कर संयुक्त रूप से कम्युनिटी पुलिसिंग के तहत कार्यक्रम आयोजित कर जागरूकता अभियान चलाकर लोगों को जागरूक करने हेतु हिदायत दिया गया।

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