दिल्ली के रामलीला मैदान में लोकतंत्र नहीं, बल्कि भ्रष्टाचार और अपनी डूबती साख बचाने का तमाशा मात्र, हार की हताशा में राहुल और बैज गढ़ रहे झूठी कहानियाँ : पाण्डेय

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जनादेश से बार-बार नकारे जाने के बाद अब संवैधानिक संस्थाओं को बदनाम करने की हताश कोशिश कर रही कांग्रेस : भाजपा

मुख्य प्रदेश प्रवक्ता व सांसद संतोष पाण्डेय ने दागा सवाल : एसआईआर पर अनर्गल प्रलाप करने वाले पहले यह बताएँ कि फर्जी वोटरों के दम पर कितने चुनाव लूटे?

​दिल्ली के रामलीला मैदान में लोकतंत्र नहीं, बल्कि भ्रष्टाचार और अपनी डूबती साख बचाने का तमाशा मात्र, हार की हताशा में राहुल और बैज गढ़ रहे झूठी कहानियाँ : पाण्डेय

​रायपुर। भारतीय जनता पार्टी के मुख्य प्रदेश प्रवक्ता एवं सांसद संतोष पाण्डेय ने प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज द्वारा दिए गए बयान पर तीखा पलटवार करते हुए कहा है कि लोकतांत्रिक तरीके से जनता द्वारा बार-बार नकारी जा चुकी कांग्रेस अब अपनी आसन्न राजनीतिक विदाई से बौखलाकर देश के निर्वाचन आयोग और संवैधानिक संस्थाओं पर मनगढ़ंत आरोप मढ़ रही है। श्री पाण्डेय ने कहा कि जनता के विवेक का अपमान करना और हर चुनावी पराजय के बाद कभी ईवीएम तो कभी मतदाता सूची पर सवाल उठाना कांग्रेस का पुराना चरित्र बन चुका है।

भाजपा मुख्य प्रदेश प्रवक्ता व सांसद श्री पाण्डेय ने विपक्षी सांसदों के व्यवहार पर बोलते हुए कहा कि सदन में विपक्ष के पास न कोई ठोस तर्क होता है और न ही वे चर्चा में भाग लेते हैं। वे बहस छोड़कर भाग खड़े होते हैं और बाहर आकर संसद की गरिमा का माखौल उड़ाते हैं। डुप्लीकेट राजनीति करने वाले ठीक नक्सली अंदाज में डुप्लीकेट संसद लगाकर अपनी कुण्ठा का प्रदर्शन कर रहे हैं। श्री पाण्डेय ने कहा कि पूर्ववर्ती दौर में बस्तर में जनताना सरकार और बंदूक के बल पर समानांतर सत्ता चलाने वालों को प्रश्रय दिया गया, जिसे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने ठीक ही ‘अर्बन/दिमागी नक्सल’ कहा है। कांग्रेस पर ‘कालनेमि’ होने का आरोप लगाकर कांग्रेस नेताओं की राज्योत्सव से दूरी और दिल्ली में प्रदर्शन को लेकर श्री पाण्डेय ने तीखा तंज कसा कि कांग्रेसियों को राज्य की खुशियों से कोई सरोकार नहीं है, उन्हें केवल ‘कुर्सी’ की चाहत है। कांग्रेस का छत्तीसगढ़िया प्रेम केवल एक छलावा है।
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भाजपा मुख्य प्रदेश प्रवक्ता श्री पाण्डेय ने कहा कि रामलीला मैदान में खड़ी होकर ‘वोट चोरी’ का रोना रोने वाली कांग्रेस वही पार्टी है जिसने 1975 में देश के संविधान का गला घोंटकर आपातकाल थोपा था। आज जब देश का लोकतंत्र मजबूत हाथों में है और छत्तीसगढ़ में मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय की सरकार गरीबों, किसानों, माताओं-बहनों और युवाओं के हितों को सुरक्षित कर रही है, तब कांग्रेसियों को अपनी राजनीतिक जमीन खिसकती नजर आ रही है। श्री पाण्डेय ने बैज द्वारा मतदाता सूची के विशेष संक्षिप्त पुनरीक्षण (एसआईआर) और मुख्य चुनाव आयुक्त को लेकर की गई अनर्गल बयानबाजी का कड़ा प्रतिकार करते हुए कहा कि मतदाता सूची का अद्यतनीकरण एक सतत, पारदर्शी और वैधानिक प्रक्रिया है। मृत, स्थानांतरित (शिफ्टेड) और दोहरे मतदाताओं के नाम नियमानुसार ही जाँच के बाद हटाए जाते हैं। कांग्रेस को दर्द इस बात का है कि उनके वर्षों पुराने ‘फर्जी वोट बैंक’ की सफाई क्यों हो रही है? मुख्य चुनाव आयुक्त जैसी निष्पक्ष और गरिमामयी संस्था पर दुर्भावनापूर्ण आरोप लगाना कांग्रेस की घटिया मानसिकता का प्रमाण है।

भाजपा सांसद श्री पाण्डेय ने कहा कि छत्तीसगढ़ की सवा तीन करोड़ जनता भली-भाँति जानती है कि उनके अधिकारों पर डाका किसने डाला था? पिछले 5 वर्षों में भूपेश बघेल के नेतृत्व वाली कांग्रेस सरकार ने कोल लेवी, शराब, पीएससी और डीएमएफ घोटालों के जरिए गरीबों, युवाओं और आदिवासियों का हक लूटा। आज जब भाजपा सरकार ‘महतारी वन्दन योजना’ के तहत हर माह माताओं-बहनों के खातों में राशि भेज रही है, 3100 रुपये प्रति क्विंटल की दर से रिकॉर्ड धान खरीदी कर रही है और युवाओं को पारदर्शी रोजगार दे रही है, तो कांग्रेस के पास कोई ठोस मुद्दा नहीं बचा है। श्री पाण्डेय ने तंज कसते हुए कहा कि राहुल गांधी के इशारे पर दिल्ली में कांग्रेस नेताओं का जमावड़ा छत्तीसगढ़िया अस्मिता का नहीं, बल्कि आलाकमान को खुश करने का सियासी स्टंट है। प्रदेश की जागरूक जनता प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व और प्रदेश की डबल इंजन सरकार की नीतियों पर अटूट विश्वास करती है। कांग्रेस चाहे जितने झूठे नारे गढ़ ले या दिल्ली में प्रहसन कर ले, जनता आने वाले हर चुनाव में उसके इस झूठ और दुष्प्रचार का जवाब अपने मताधिकार से देगी।

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