राजनांदगांव। कलेक्टर जितेन्द्र यादव की उपस्थिति में जिला कार्यालय सभाकक्ष में आयकर विभाग द्वारा टीडीएस व टीसीएस एवं आयकर अधिनियम-2025 के संबंध में जागरूकता एवं प्रशिक्षण सेमिनार का आयोजन किया गया। कलेक्टर ने अधिकारियों से कहा कि आयकर संबंधी प्रावधानों की सही जानकारी होना आवश्यक है, जिससे वित्तीय कार्यों में पारदर्शिता बनी रहे तथा विभागीय दायित्वों का समय पर निर्वहन किया जा सके। उन्होंने सभी अधिकारियों को प्रशिक्षण का लाभ लेकर अपने विभागों में भी जागरूकता बढ़ाने के निर्देश दिए। सेमिनार में विभिन्न विभागों के आहरण एवं संवितरण अधिकारियों (डीडीओ) ने भाग लिया।
आयकर अधिकारी (टीडीएस) भिलाई रजनी श्रीकुमार ने आयकर अधिनियम-2025 में किए गए महत्वपूर्ण प्रावधानों एवं परिवर्तनों की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि नए आयकर अधिनियम में विभिन्न धाराओं एवं प्रपत्रों का सरलीकरण किया गया है। टीडीएस की कटौती, समय पर जमा करने तथा त्रैमासिक विवरणी प्रस्तुत करने की प्रक्रिया को विस्तार से समझाया गया। उन्होंने कहा कि टीडीएस कटौती एवं जमा की समय-सीमा का पालन करना सभी आहरण एवं संवितरण अधिकारियों की महत्वपूर्ण जिम्मेदारी है। प्रशिक्षण के दौरान टीडीएस की विभिन्न दरों, वेतनभोगी कर्मचारियों तथा अन्य भुगतानों पर लागू प्रावधानों की जानकारी दी गई। साथ ही विलंब से विवरणी प्रस्तुत करने पर लगने वाले शुल्क, दंडात्मक प्रावधानों एवं सुधार विवरणी से संबंधित नियमों की विस्तार से जानकारी प्रदान की गई। सेमिनार में अधिकारियों द्वारा टीडीएस कटौती, एसएनए खातों, चालान जमा करने की प्रक्रिया, पेशेवर सेवाओं पर टीडीएस की दर, नकद निकासी पर लागू प्रावधान तथा विभिन्न व्यावहारिक समस्याओं से संबंधित प्रश्न पूछे गए, जिनका आयकर विभाग की टीम ने विस्तार से समाधान किया। आयकर विभाग की टीम ने आयकर अधिनियम-2025, टीडीएस प्रावधानों तथा ई-फाइलिंग से संबंधित उपयोगी डिजिटल संसाधनों एवं ऑनलाइन प्लेटफॉर्म की जानकारी साझा की। सेमिनार में सीईओ जिला पंचायत सुश्री सुरूचि सिंह, अपर कलेक्टर सीएल मारकण्डेय, अपर कलेक्टर प्रेमप्रकाश शर्मा, जिला कोषालय अधिकारी दिलीप सिंह सहित जिला स्तरीय अधिकारी उपस्थित थे।

